“मुझे उन्हें गलत साबित करना…” Shreyas Iyer ने खोला बड़ा राज, बताया कहां से मिलती उन्हें अच्छा करने की मोटिवेशन
Published - 28 Apr 2026, 02:57 PM | Updated - 28 Apr 2026, 03:05 PM
Table of Contents
Shreyas Iyer: आईपीएल 2026 में पंजाब किंग्स इकलौती ऐसी टीम है, जिसने अभी तक एक भी मैच नहीं हारा है. इसका सारा श्रेय जाता है कप्तान श्रेयस अय्यर को. जिन्होंने अपनी बेहतरीन कैप्टेंसी और बल्लेबाजी से टीम को नई बुलंदियों पर पहुंचाया है. हालांकि, IPL 2026 की शुरूआत से पहले वह इंजरी से उभरे थे. इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और अपनी जबरदस्त फॉर्म से इस सीजन का खिताब उठाने के लिए पूरी तरह तैयार है.
हाल ही में Shreyas Iyer ने जियोस्टार के शो 'बिलीव' पर इरफान पठान के साथ खास बातचीत के दौरान बताया कि कैसे उन्होंने खुद को बेस्ट बनाया और यहां तक का सफर तय किया.
Shreyas Iyer ने क्या-क्या कहां?

श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) ने बताया कि कैसे लोग उन्हें ताना देते थे कि अब तुम पहले की तरह नहीं खेल सकते हैं. इसके बावजूद उन्होंने खुद को बेहतर बनाया. अय्यर ने कहा, मेरे आप-पास कई ऐसे लोग थे जो कहते थे कि तुम इन हालातों में अब ऐसा नहीं कर सकते हैं. लेकिन मुझे यह सुनना पंसद नहीं था.
एक क्रिकेट के तौर पर मैं बड़े स्तर पर खेल रहा था. तब मुझे ऐसी बातें सुनना पसंद नहीं था. लेकिन मैंने अपने मन में ठाना कि मुझे सभी को गलत साबित करना है. ऐसे में मैं खुद को और ज्यादा बेस्ट बनने के लिए मोटीवेट करता था. यह चीजे में आगे बढ़ने की हिम्मत देती थी खासकर चोट लगने के बाद.
पीठ की चोट से उभरे Shreyas Iyer
श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) ने बताया कि जब उन्हें पीठ की चोट लगी थी. तब लोगों ने कहा था कि वह पहले की तरह कभी नहीं खेल पाएंगे. तब उन्होंने खुद से सवाल किया. कि वह पहले कि तरह क्यों नहीं बन सकते? लेकिन चोटिल होने के बाद आप अपनी मानसिकता को किस तरह का बनाते हैं सबसे ज्यादा यह महत्वपूर्ण है. अय्यर ने आगे कहा कि ऐसे में आप खुद ध्यान करते हैं किन चीजों को वैल्यू देनी है और किन बातों को नजरअंदाज कर के आगे बढ़ना है.
उतार-चढ़ावों से भरा रहा करियर
फैंस के मन में सबसे ज्यादा सवाल यह आता है कि पिछले दो सालों में इतने रिजेक्शन झेलने के बाद भी श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) में खुद को संभालने और बेहतरीन करने का मोटीवेशन कहां से आता है? तो खुद अय्यर ने इस बात का जवाब देते हुए बताया कि, एक क्रिकेटर के तौर पर उन्हें मैदान के साथ बाहर से भी काफी कुछ सीखने को मिलता है. उन्होंने बताया कि बचपन में बहुत से मैच ट्रायल के दौरान मुश्किल पलों से गुजरना पड़ा. जिससे उन्हें काफी कुछ सीखने को मिले.
अय्यर ने कहा, मेरा मानना है कि मुश्किल समय से जितनी जल्दी आप निकलर उन्हें पॉजिटिव समय में बदल लेते हैं. जीवन के लिए उतना अच्छा होता है. इस दौरान आपको बहुत से लोग मिलेंगे जो आपको नीचे खींचने की कोशिश करेंगे. लेकिन आप खुद को कैसे संभाल के आगे ले जाते हैं सबसे ज्यादा यह मायने रखता है. साथ ही अय्यर ने इस बात का खुलासा भी किया कि उन्हें किताब पढ़ना पसंद है. वह खाली समय में उन बुक्स को पढ़ते हैं जिनसे उन्हें आगे बढ़ने की सीख मिलती है.
पंजाब के लिए बने बेहतरीन फिनिशर
अय्यर (Shreyas Iyer) ने बताया कि वह कुछ समय के लिए क्रिकेट से ध्यान हटाकर छुट्टी पर चलें जाते हैं. जहां वह अकेले समय बिताते हैं. उनका मानना है कि कोशिश करते रहे. अगर आप अपने लक्ष्य पर नहीं पहुंच है तो भी कोई बात नहीं. लेकिन हार नहीं माने आगे बढ़े और कुछ पाने की कोशि करें.
वहीं, आईपीएल में पंजाब के लिए बतौर फिनिशर बनकर उभरे अय्यर ने अपनी काबिलियत पर बात करते हुए कहा, मैं नॉटआउट रहकर मैच खत्म करना चाहता हूं. मैं जितनी देर मैदान पर टीका रहूंगा टीम को ऊतना फायदा होगा.
इसके अलावा अय्यर ने यह भी माना कि टीम की जीत के लिए युवा खिलाड़ियों और ओपनर्स का किरदार भी बेहद अहम है. जो टीम को मजबूत शुरूआत दिलाने में अहम भूमिका निभाते हैं. खासतकर तब, जब टीम को 200+ का टारगेट मिला हो.
शॉर्ट-बॉल की समस्या को किया दूर
वहीं, अपनी शॉर्ट-बॉल की कमजोरी पर भी Shreyas Iyer ने खुलकर बात की. उन्होंने कहा कि, लोगों का कहना था कि मैं कभी अपनी शॉट बॉल की कमजोरी को दूर नहीं कर पाऊंगा. लेकिन मुझे खुद पर विश्वास था. लोगों कि इन बातों ने मुझे प्रेरित किया.
इसलिए मैंने बहुत ज्यादा मेहनत की और शॉट बॉल की समस्या को दूर किया. अब मुझे अपने जॉन में कभी भी शॉट बॉल दिखाई देती है तो मैं उसे छक्के में बदलने की कोशिश करता हूं. इसमें मेरा साथ दिया प्रवीण आमरे ने. मैं बचपन से उन्हीं केसाथ हूं और अभिषेक नायर जैसे कोचों के साथ भी लगातार संपर्क में रहता हूं.
अय्यर ने आगे बताया कि वह अब प्रैक्टिस के दौरान पूरे 50 ओलर खेलते हैं और 300 गेंदों का सामने करते हैं. ऐसा करने से उन्हें मदद मिलती है उन्हें पता लगता है कि वह क्या सही कर रहे हैं और क्या गलत.
इस दौरान श्रेयस (Shreyas Iyer) ने विराट कोहली, रोहित शर्मा और एबी डिविलियर्स जैसे दिग्गज बल्लेबाजों का भी उदाहरण दिया. अय्यर ने कहा, इन बल्लेबाजों की तरह मैं भी गेंदबाज के गेंद फेंकने से पहले, मैं अपनी सही पोजिशन में आने की कोशिश करता हूं.
Punjab Kings के खेमे में मातम, स्टार खिलाड़ी की मां का निधन, शोक में डूबी पूरी टीम
ऑथर के बारे में
Preeti Baisla is a journalist focused on clear, responsible, and well-researched storytelling. She c... रीड मोर