5 दिग्गज खिलाड़ी जो आईपीएल में अपने नाम के मुताबिक़ प्रदर्शन करने में रहे नाकाम

Published - 09 Sep 2020, 11:13 AM

खिलाड़ी

इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 13वें सीजन का आगाज कुछ ही दिनों में होने वाला है. आईपीएल का हर सीजन रोमांच से भरा रहता है. फटाफट क्रिकेट की इस लीग में कई गुमनाम खिलाड़ियों ने भी अपनी पहचान कायम की तो वहीं कई स्टार खिलाड़ी इस लीग में कुछ खासा प्रदर्शन नहीं कर पाए. क्रिकेट खेलने वाले लगभग हर देश के खिलाड़ी इंडियन प्रीमियर लीग में हिस्सा ले चुके हैं.

वहीं इस लीग में देखा गया है कि जो खिलाड़ी अपने देश के लिए क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करने में सफल हुए हैं वो इस लीग में अपने नाम के मुताबिक प्रदर्शन करने में असफल साबित हुए हैं. मौजूदा समय में भी क्रिकेट के तमाम देशों के पास ऐसे ही काबिलियत वाले खिलाड़ी मौजूद हैं.

कुछ खिलाड़ियों के हुनर में तो कोई कमी नहीं है और इन्हें अपने हुनर के कारण ही बड़ी उम्मीदों के रूप में देखा गया. हालाँकि ये खिलाड़ी अपने नाम के अनुरूप अच्छा प्रदर्शन नहीं कर सके. इसी को ध्यान में रखते हुए आज हम इस विशेष लेख में आपके सामने उन 5 खिलाड़ियों को लेकर आये हैं जो अपने बड़े नाम के अनुरूप आईपीएल में प्रदर्शन करने में नाकाम रहे.

5, जॉर्ज बेली

ऑस्ट्रेलिया के जॉर्ज बेली जैसा करियर शायद ही किसी को नसीब हो सकता है. जॉर्ज बेली उन खिलाड़ियों में शुमार है जिन्हें अपने पहले अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में ही टीम की कप्तानी सौंप दी गई. अपनी शानदार कप्तानी के बावजूद जॉर्ज बेली इंडियन प्रीमियर लीग में खुद को साबित करने में नाकाम साबित हुए.

उन्होंने आईपीएल में 40 मैच खेले और 663 रन स्कोर किए. इस दौरान उनकी औसत 24.55 और स्ट्राइक रेट 121.87 की रही. हालांकि साल 2014 में जॉर्ज बेली ने किंग्स इलेवन पंजाब के लिए शानदार प्रदर्शन किया और अपनी टीम को फाइनल तक पहुंचाने में मदद की.

जॉर्ज बेली ने पंजाब के अलावा चेन्नई सुपर किंग्स, राइजिंग पुणे सुपरजाएंट के लिए भी आईपीएल में खेला लेकिन उनका प्रदर्शन काफी उत्साहजनक नहीं रहा। इसके चलते इस सीजन के आईपीएल के लिए वो नीलामी प्रक्रिया में बिना बिके ही रह गए.

4, इयोन मॉर्गन

इयोन मॉर्गन इंग्लैंड के कप्तान हैं. जो 50 से ज्यादा मैच खेल चुके हैं मगर आईपीएल में इनकी किस्मत नहीं जागी. कह सकते हैं कि आईपीएल खेलना इनके लिए खेलना सही साबित नहीं हुआ. रॉयल चैलेंज बैंगलोर में आईपीएल सीजन 2010 में खरीदा और इन्होंने छह मैच खेले जिसमें ये केवल 35 रन बना पाए.

2011 और 2013 में इयोन मॉर्गन को कोलकाता नाइट राइडर्स ने मौका दिया लेकिन वह यहां भी फायदा नहीं उठा सके. दो सीजन में इन्होंने 26 मैच खेले लेकिन इन्होंने निराशाजनक प्रदर्शन किया. 2015-2016 में सनराइजर्स हैदराबाद ने नीलामी में इन्हें सही कीमत पर खरीदा. मगर यह सनराइजर्स हैदराबाद के लिए भी अच्छे साबित नहीं हुए और 2017 में इन्हें बाहर कर दिया.

2017 में किंग्स इलेवन पंजाब में इयोन मॉर्गन को खरीद लिया. ये आईपीएल में नाम कमाने में नाकाम रहे. 2018-19 इन्होंने आईपीएल में खेला ही नहीं. 2020 के आईपीएल नीलामी में इयोन मॉर्गन को कोलकाता नाइट राइडर्स ने 5.25 करोड़ की बड़ी कीमत पर एक बार फिर से खरीद लिया है.

अब देखना होगा कि ये इस सीजन में कैसे प्रदर्शन करेंगे. अभी तक इयोन मॉर्गन 6 आईपीएल सीजन में प्रदर्शन कर चुके हैं. जिसमें उन्होंने 52 मैचों में सिर्फ 854 रन बनाए हैं.

3, फाफ डू प्लेसिस

दक्षिण अफ्रीका के दिग्गज खिलाड़ी फाफ डू प्लेसिस हमारी इस लिस्ट में वो तीसरे नंबर के बल्लेबाज हैं जो आईपीएल में अपनी योग्यता के अनुरूप प्रदर्शन करने में नाकाम रहे हैं. डू प्लेसिस अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट के एक शानदार बल्लेबाज हैं. हालाँकि आईपीएल में इस खिलाड़ी ने वो प्रदर्शन नहीं किया जिसकी क्षमता इस खिलाड़ी के अन्दर हैं.

डू प्लेसी ने अपने आईपीएल करियर की शुरुआत चेन्नई सुपर किंग्स के साथ की थी. 2012 के बाद से अभी तक डू प्लेसिस ने अपने आईपीएल करियर में कुल 71 मैच खेले हैं और उनमें उन्होंने 126.74 के स्ट्राइक रेट से 1853 रन बनाए हैं, जिसमें 12 अर्धशतक भी शामिल हैं.

2019 के आईपीएल में भी डू प्लेसी ने 12 मैचों में 396 रन बनाये थे. इन आकड़ों को देखकर आपको इस दिग्गज खिलाड़ी के प्रदर्शन के बारे में बखूबी पता चल गया होगा.

2, रिकी पोंटिंग

ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट में रिकी पोंटिंग जैसा महान खिलाड़ी भी हुआ है. रिकी पॉन्टिंग ने अपने 17 साल लंबे करियर में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 27000 से ज्यादा रन स्कोर किए हैं. इसके अलावा रिकी पॉन्टिंग ने दो बार लगातार विश्व कप विजेता ऑस्ट्रेलियाई टीम का नेतृत्व भी किया है. रिकी पोंटिंग ने ऑस्ट्रेलिया के लिए बल्लेबाजी करते हुए कई अहम पारियां खेली है.

इंडियन प्रीमीयर लीग में खेलते हुए रिकी पॉन्टिंग अपने नाम के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाए. आईपीएल में रिकी पॉन्टिंग ने 10 मुकाबले खेले और सिर्फ 90 रन ही स्कोर किए. इसके साथ ही उनका बल्लेबाजी औसत 10.11 का रहा. साल 2003 और साल 2007 की विश्व कप विजेता ऑस्ट्रेलियाई टीम की कप्तानी करने वाले रिकी पॉन्टिंग ने सिर्फ टी20 फॉर्मेट में सिर्फ दो अर्धशतक लगाने में ही कामयाबी हासिल की है.

टी20 फॉर्मेट में रिकी पॉन्टिंग का सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर नाबाद 98 रन है. रिकी पॉन्टिंग को आईपीएल के साल 2008 के पहले सीजन में कोलकाता नाइट राइडर्स ने अपने साथ शामिल किया था. इसके बाद साल 2013 में वो मुंबई इंडियंस से जुड़े. इसके बाद साल 2015 और 2016 में उन्हें मुंबई इंडियंस की कोचिंग भी की. वहीं इस सीजन के आईपीएल के लिए रिकी पॉन्टिंग दिल्ली डेयरडेविल्स के लिए कोच के तौर पर दिखाई देगें.

1, एंजेलो मैथ्यूज

श्रीलंका के दिग्गज ऑलराउंडर एंजेलो मैथ्यूज भी उन्हीं खिलाड़ियों में से एक हैं जिनका आईपीएल में बुरा हाल रहा है. मैथ्यूज ने आईपीएल में यूं तो कोलकाता नाइट राइडर्स, पुणे वारियर्स इंडिया और दिल्ली डेयरडेविल्स के लिए आईपीएल में खेला है.

इस दौरान वह 49 आईपीएल मैचों में केवल 724 रन बना सके हैं और केवल 27 विकेट हासिल कर सके हैं. 2017 में आखिरी बार आईपीएल खेलने वाले मैथ्यूज के लिए सबसे बढ़िया आईपीएल सीजन 2010 में रहा था.

इस सीजन में उन्होंने 14 मैचों में 233 रन बनाने के साथ ही आठ विकेट हासिल किए थे. इसके अलावा श्रीलंका का यह दिग्गज बल्लेबाज आईपीएल के किसी भी और सीजन में ज्यादा प्रभावित नहीं कर सका.