Virat Kohli-T20 WC 2021-Team India

भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) ने गुरुवार को ये ऐलान कर दिया है कि वह T20 विश्व कप के बाद इस फॉर्मेट की कप्तानी छोड़ देंगे। कोहली के इस फैसले ने सभी को हैरान कर दिया और तभी से क्रिकेट के गलियारों सहित सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे पर चर्चा हो रही है और कई बातें निकलकर सामने आई हैं, जिन्हें जानकर ऐसा लगता है कि कोहली ने कप्तानी खुद नहीं छोड़ी बल्कि ये फैसला लेने के लिए उनपर दबाव बनाया गया है।

कोहली जानते थे कि छिन सकती है कप्तानी

Virat Kohli-BCCI

Virat Kohli का अचानक सामने आकर T20 फॉर्मेट की कप्तानी छोड़ना वाकई हैरान कर देने वाला फैसला है। वैसे तो रिपोर्ट्स के माध्यम से लगातार इस बात की चर्चा चल रही थी कि कोहली टी20 विश्व कप के बाद इस फॉर्मेट की कप्तानी छोड़ सकते हैं। अब ये बात निकलकर सामने आई है कि कोहली को पता था कि टी20 विश्व कप में यदि टीम अच्छा नहीं करती है, तो उन्हें कप्तानी से हटाया जा सकता है, कहीं ना कहीं इसीलिए उन्होंने ये फैसला लिया। पीटीआई एजेंसी से बात करते हुए बीसीसीआई सूत्र ने बताया है कि,

“विराट जानते थे कि अगर टीम यूएई में खेले जाने वाले टी20 विश्व कप में अच्छा नहीं करती है तो उन्हें सीमित बॉल प्रारूप की कप्तानी से हटाया जाना है। सीमित प्रारूप की कप्तानी की बात करें तो उनका जाना टीम के लिए अच्छा ही है। ऐसा करके उन्होंने अपने ऊपर से बस थोड़ा सा दबाव ही कम किया है, अगर कोई बाहरी इस स्थिति को देखता है तो लगेगा कि वो अपनी शर्त पर यहां हैं। यह शायद अभी वनडे क्रिकेट में नहीं हुआ है लेकिन अगर टी20 प्रारूप में उनका प्रदर्शन खराब रहता है तो उन्हें यहां से भी हटाया जा सकता है।”

खिलाड़ियों के साथ कम्यूनिकेशन की रहती है समस्या

Virat Kohli

विराट कोहली मैदान पर बेहद आक्रामक नजर आते हैं और उनकी कप्तानी में टीम इंडिया एक बेहतरीन स्थिति में है। लेकिन ये बात कई बार सामने आई है कि कोहली के साथ संवाद की समस्या रहती है। जी हां, मैदान के बाहर खिलाड़ी आसानी से कोहली से बातचीत नहीं कर सकते। ये बात एक पूर्व क्रिकेटर ने बताई है, जो कोहली की कप्तानी में खेल चुके हैं। उन्होंने बताया,

“विराट के साथ सबसे बड़ी परेशानी है बातचीत, एमएस धोनी के केस में खिलाड़ियों के लिये उनका कमरा 24×7 खुला होता था और खिलाड़ी कभी भी आ सकते थे और पीएस 4 खेल सकते थे, साथ खा सकते थे और अगर कोई खिलाड़ी ठीक नहीं महसूस कर रहा होता तो वो उनके साथ बैठकर लंबे समय तक बात कर सकता था। मैदान को छोड़कर कोहली के साथ बात कर पाना लगभग नामुमकिन होता है। वहीं पर रोहित शर्मा के अंदर धोनी की झलक नजर आती है। वह अपने जूनियर खिलाड़ियों को खाने पर ले जाते हैं और जब वो हताश महसूस कर रहे होते हैं तो दोस्ताना शाबाशी देते हैं और उनकी मानसिक हालत को जानने-समझने की कोशिश करते हैं।”

गांगुली और जय शाह के बयानों में भी नहीं ODI का जिक्र

Virat Kohli द्वारा T20 टीम की कप्तानी छोड़ने की बात सामने आई, तो तमाम दिग्गज अपनी-अपनी राय पेश करते नजर आए। बीसीसीआई अध्यक्ष व पूर्व भारतीय कप्तान सौरव गांगुली व जय शाह ने भी कोहली के इस फैसले पर विचार रखे। जय शाह ने ट्विटर पर लिखा- “मैं पिछले 6 महीने से विराट और नेतृत्व समूह के साथ चर्चा कर रहा था और इस फैसले पर काफी विचार किया गया है। विराट बतौर खिलाड़ी और टीम के सीनियर सदस्य के तौर पर भारतीय क्रिकेट के भविष्य को तैयार करने में योगदान देते रहेंगे।”

वहीं सौरव गांगुली ने भी कोहली के इस फैसले पर कहा- “विराट भारतीय क्रिकेट के लिए खास ताकत रहे हैं और टीम का शानदार नेतृत्व किया है। वह सभी फॉर्मेट में सबसे सफल कप्तानों में से एक हैं। ये भविष्य के रोडमैप को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। हम विराट को टी20 कप्तान के तौर पर जबरदस्त प्रदर्शन के लिए धन्यवाद देते हैं। हम उन्हें टी20 विश्व कप के लिए शुभकामनाएं देते हैं और उम्मीद करते हैं कि वह भारत के लिए ढेर सारे रन बनाएंगे।”

गांगुली और जय शाह ने Virat Kohli के लिए जो पोस्ट किए, उसमें एक बात ध्यान देने वाली है। उन्होंने कोहली के T20 कप्तानी छोड़ने पर तो प्रतिक्रिया दी, लेकिन ODI की कप्तानी को लेकर कुछ भी नहीं कहा। जो इस बात की ओर इशारा करता है कि कोहली के हाथों से वनडे की कप्तानी जा सकती है।

उपकप्तानी से रोहित को हटाना चाहते थे कोहली

Virat Kohli

ये कहावत तो आपने सुनी ही होगी कि एक म्यान में दो तलवार नहीं रह सकती। ऐसा ही कुछ टीम इंडिया में भी दिखता है। असल में  Virat Kohli और Rohit Sharma टीम के कप्तान व उपकप्तान होने के साथ-साथ मुख्य खिलाड़ी हैं। दो पिलर की तरह हैं, जिनपर टीम भरोसा कर सकती है। लेकिन इन दोनों के बीच के रिश्ते कुछ खास अच्छे नहीं रहते हैं। जी हां, कई बार दोनों के बीच विवाद की खबरें सामने आ चुकी हैं, लेकिन सामने से दोनों ने कभी इस बात को स्वीकार नहीं किया।

अब जबकि कोहली ने T20 टीम की कप्तानी छोड़ने का ऐलान किया, तो एक बात निकलकर सामने आई कि कोहली हिटमैन को उपकप्तानी के पद से हटाना चाहते थे। मशहूर पत्रकार बोरिया मजूमदार भी इस बात को बता चुके हैं। वहीं न्यूज एजेंसी PTI के सूत्रों की मानें,

विराट कोहली उपकप्तानी के पद से रोहित शर्मा को हटाना चाहते थे। विराट लिमिटेड ओवर्स में रोहित को उपकप्तानी से हटाने के प्रस्ताव के साथ चयनकर्ताओं के पास गए थे। भारतीय कप्तान का ऐसा कहना था कि रोहित अब 34 साल के हो गए हैं। ऐसे में वनडे में केएल राहुल और टी20 में ऋषभ पंत को उपकप्तान बनाना चाहिए। हालांकि कोहली का यह प्रस्ताव बोर्ड को पसंद नहीं आया, क्योंकि उनका मानना था कि विराट वास्तव में अपना कोई उत्तराधिकारी नहीं चाहते।

लेकिन यह प्रस्ताव बोर्ड को पसंद नहीं आया क्योंकि उनका मानना था कि कोहली वास्तव में अपना कोई उत्तराधिकारी नहीं चाहते। बीसीसीआई गलियारों में अधिकारियों ने माना कि कोहली 2023 वर्ल्ड कप तक अपनी कप्तानी बचाना चाहते हैं। ऐसा देखने में आया है कि कोहली ने काफी समय में कई लोगों को अपने रास्ते से हटा दिया था। इनमें खिलाड़ी, सपोर्ट स्टाफ, चयनकर्ता और बोर्ड के दिग्गज तक शामिल थे।

निष्कर्ष

Virat Kohli

Virat Kohli की कप्तानी में यकीनन भारत कंसिस्टेंसी के साथ प्रदर्शन कर रहा है। लेकिन इस बात को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है कि कोहली टीम इंडिया को अब तक कोई आईसीसी ट्रॉफी नहीं जिता सके हैं। अब जबकि वह टी20 विश्व कप के बाद इस फॉर्मेट की कप्तानी छोड़ देंगे।

तो ऐसे में इस पद के रोहित शर्मा हकदार हैं, क्योंकि उन्हें जब भी मौका मिला है, उन्होंने अपनी कैप्टेंसी को साबित करके दिखाया है। इतना ही नहीं ये कहना गलत नहीं होगा की यदि भारत को टी20 विश्व कप में खिताबी जीत नहीं मिलती है, तो कोहली अपनी ODI कप्तानी भी खो सकते हैं।