team india

टीम इंडिया के मशहूर खिलाड़ी कुलदीप यादव इन दिनों सुर्खियों से कहीं दूर हो गए हैं. बात करें उनके बीसीसीआई के साथ हुए कॉन्ट्रैक्ट की तो इस लिस्ट में अभी वो बरकरार हैं. दरअसल बीसीसीआई की कॉन्ट्रैक्ट लिस्ट में जो भी प्लेयर्स शामिल होते हैं, उन्हें सालभर में अच्छी खासी सैलरी दी जाती है. बीसीसीआई की कॉन्ट्रैक्ट लिस्ट में 4 ग्रेड बनाए गए हैं, जिनमें हर खिलाड़ी को उनके प्रदर्शन के मुताबिक ग्रेड दिया गया है. जिसके हिसाब से उन्हें सालाना सैलरी भी दी जाती है.

A ग्रेड में शामिल हैं कुलदीप यादव

tesam india-kuldeep yadav

बीसीसीआई की कॉन्टैक्ट लिस्ट में बनाए गई कैटेगरी में ग्रेड A+ (जिन्हें 7 करोड़ सैलरी मिलती है) में विराट कोहली, रोहित शर्मा और जसप्रीत बुमराह का नाम है. इसके बाद ए ग्रेड बनाया गया है, जिसमें शामिल होने वाले खिलाड़ियों को बीसीसीआई हर साल 5 करोड़ रूपये देती है.

ए ग्रेड की लिस्ट में टीम इंडिया के स्पिन गेंदबाज कुलदीप यादव भी जगह बनाए हुए हैं. इसके साथ ही B कैटेगरी वाले खिलाड़ियों को सालाना 3 करोड़ सैलरी, जबकि C ग्रेड वालों को 1 करोड़ सैलरी हर साल दी जाती है. हालांकि प्रदर्शन के आधार पर बीसीसीआई की इस ग्रेड लिस्ट में खिलाड़ियों को जगह मिलती है.

1 विकेट के 83 लाख रूपये चार्ज कर रहे हैं कुलदीप यादव!

Team India-kuldeep yadav

फिलहाल टीम इंडिया के गेंदबाज कुलदीप यादव की बात करें तो साल 2020 उनके करियर के बेहद खराब साबित हुआ. हालांकि बीसीसीआई की ओर से बनाई गई कॉन्ट्रैक्ट लिस्ट में उनके ग्रेड के आधार पर देखें तो 1 विकेट के लिए बोर्ड की ओर से उन्हें 83 लाख रूपये दिया जा रहा है.

कुलदीप यादव को टीम इंडिया की ओर से जिन 5 वनडे में खेलने के मौके दिए गए, उसमें भी उनका गेंदबाजी में प्रदर्शन बेहद खराब रहा. इस दौरान 6.46 की सबसे निचली इकॉनामी रेट और 53.83 की गेंदबाजी के औसत के साथ उन्होंने मात्र 6 विकेट झटके.

ऐसे में परफॉर्मेंस के आधार पर बीसीसीआई उन्हें सालाना जितनी सैलरी दे रही है, उसके मुताबिक 1 विकेट पर कुलदीप यादव को करीब 83 लाख रूपये चार्ज किए जा रहे हैं. हालांकि ये कहना गलत नहीं होगा कि बीसीसीआई के लिए यह कीमत काफी महंगी साबित हो सकती है.

साल 2020 में कुलदीप यादव की रही खराब फॉर्म

Team india-kuldeep yadav

इन दिनों कुलदीप यादव के प्रदर्शन पर ध्यान दें तो उनकी परफॉर्मेंस उम्मीद से ज्यादा खराब नजर आ रही है. यहां तक कि टीम इंडिया के इस गेंदबाज को आईपीएल के 13वें सीजन में भी उन्हें खुद को केकेआर की ओर से साबित करने का मौका मिला, लेकिन वो उसका फायदा उठाने में नाकाम रहे. इसके बाद केकेआर की टीम ने उन्हें प्लेइंग इलेवन से बाहर का रास्ता दिखा दिया था.

कुलदीप यादव साल 2020 में टीम इंडिया की ओर से केवल 5 मुकाबले में ही शामिल रहे हैं. हालांकि साल 2020 किसी भी खिलाड़ी के लय अच्छा नहीं रहा. लेकिन टीम का हिस्सा होते हुए भी उन्हें न टी-20 में और न ही टेस्ट मैच में खेलने का मौका दिया गया.