शोएब अख्तर

जब से भारत और इंग्लैंड के बीच टेस्ट सीरीज़ शुरु हुई है, तबसे ही पिच को लेकर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस सीरीज़ में इतनी चर्चा टीमों के प्रदर्शन की नहीं हो रही है, जितनी चर्चा पिचों की खराब बनावट को लेकर हो रही है। चेन्नई में खेले गए भारत और इंग्लैंड के बीच दूसरे टेस्ट मैच की पिच को लेकर विवाद थमा नहीं था कि अमहदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में मात्र दो दिनों खत्म हुए टेस्ट मैच ने विवाद में घी काम कर दिया। खराब पिच को लेकर भारत ही नहीं विदेशों के भी कई नामी खिलाड़ियों ने सवाल खड़े किये है, अब इस विवाद में शोएब अख्तर का एक नाम और जुड़ गया है, जिन्होंने पिच को मुद्दा बनाते हुए भारतीय टीम पर निशाना साधा है।

शोएब अख्तर ने भारतीय टीम पर साधा निशाना

शोएब अख्तर

भारत और इंग्लैंड के बीच चल रही टेस्ट सीरीज में पिच लेकर हो रहे विवाद के बीच पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाद शोएब अख्तर ने अपने यूट्यूब चैनल के माध्यम से भारतीय टीम पर निशाना साधा है। शोएब अख्तर ने कहा है कि,

“ऐसी पिच जहां जरुरत से ज्यादा टर्न हो और जहां मैच दो दिन में खत्म हो जाए, यह टेस्ट क्रिकेट के लिए अच्छी बात नहीं है। भारत बहुत मजबूत टीम है और ऐसे में उसे टेस्ट के लिए अच्छी पिच तैयार करनी चाहिए थी। भारत इससे बेहतर पिच पर भी खेलता तो इंग्लैंड को हरा देता, लेकिन उसे ऐसी पिच बनाने की जरुरत नहीं थी। टीम इंडिया को डरने की जरूरत नहीं थी। क्या मेलबर्न मे टीम  इंडिया के लिए मददगार पिच बनाई गई थी? भारत वहां कैसे सीरीज जीता?”

शोएब बोले, इतना फायदा उठाना सही नहीं है

शोएब अख्तर

शोएब अख्तर अपने वीडियों  में सवाल उठाते हुए कहा कि,

“होम एडवांटेज का मतलब समझ आता है, लेकिन मुझे लगता है इतना ज्यादा फायदा उठाना सही नहीं है। अगर भारत ने 400 रन बनाए होते और इंग्लैंड 200 रन पर आउट होता, तब हम कह सकते थे कि इंग्लैंड ने खराब खेल दिखाया, लेकिन यहां तो भारत भी 145 रनों पर आउट हो गया था”।

शोएब बोले, भारत जैसी बड़ी टीम से बेहतर पिच की उम्मीद है

शोएब अख्तर

शोएब अख्तर ने आगे अपने वीडियो मे कहा,

“भारत जैसी बड़ी टीम से बेहतर पिच की उम्मीद है। भारत को ऐसे विकेट तैयार करवाने की जरूरत नहीं है। मुझे लगता है भारत को इस बात पर ध्यान देना चाहिए। वह इससे बहुत बेहतर टीम है। अगर भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया को उसके घर में हरा सकती है तो फिर उन्हें स्पिनर्स की मददगार पिच बनाने की कोई जरूरत नहीं थी”।