Suresh Raina
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भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार ऑलराउंडर रविंद्र जडेजा के चोटिल होने के चलते टीम इंडिया में लेफ्ट आर्म स्पिनर रविंद्र जडेजा को शामिल किया गया। स्पिनर ने अब तक भारत के लिए दो मैच खेले हैं और कमाल की गेंदबाजी की है।

चेन्नई में खेले गए इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टेस्ट में डेब्यू करते हुए अक्षर पटेल ने पहले ही मैच में फाइव विकेट हॉल लेते हुए सात विकेट चटकाए। इसके बाद पिंक बॉल से खेले गए डे-नाइट मैच में तो अक्षर की गेंदबाजी इंग्लिश बल्लेबाजों के लिए सिर दर्दी ही बन गई और अक्षर ने पहली पारी में 6 और दूसरी पारी में 5 विकेट लेते हुए कुल 11 विकेट चटका लिए।

सिर्फ दो मैच में अक्षर ने 18 विकेट अपने नाम कर लिए हैं। जिस तरह की गेंदबाजी वह कर रहे हैं उसको देखते हुए कई लोगों को लग रहा है कि वह रविंद्र जडेजा का पर्मानेंट रिप्लेसमेंट बन सकते हैं। लेकिन इस आर्टिकल में हम आपको 3 ऐसे कारण बताते हैं, जिसके चलते टीम में कभी भी अक्षर, जडेजा की जगह नहीं ले सकते हैं।

3 कारणों के चलते रविंद्र जडेजा की जगह नहीं ले सकते अक्षर

जडेजा के पास है अनुभव

Ravindra Jadeja 2

भारत के दिग्गज ऑलराउंडर रविंद्र जडेजा इस वक्त चोटिल होने के चलते भारतीय टीम का हिस्सा नहीं हैं। ऐसे में टीम में शामिल हुए अक्षर पटेल लगातार बढ़ियां गेंदबाजी कर रहे हैं। मगर यदि आपको ऐसा लगता है कि वह टीम में जड्डू की जगह ले सकते हैं, गलत होगा।

दरअसल, रविंद्र जडेजा के पास भारत के लिए 51 टेस्ट,168 वनडे और 50 टी20 मैच खेले हैं। उनके पास अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का अच्छा-खासा अनुभव है और जैसा की आप सभी जानते हैं कि अनुभवी और इन फॉर्म खिलाड़ी की टीम को हमेशा ही जरुरत होती है।

रविंद्र जडेजा का अनुभवी होना उन कारणों में से एक है, जिसके चलते अक्षर पटेल कभी भी उनकी जगह नहीं ले सकते। हां, लेकिन वह जडेजा की गैरमौजूदगी में टीम के लिए एक बेहतरीन विकल्प होते हैं।

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