Joe Root

Joe Root: इंग्लैंड क्रिकेट टीम के दिग्गज खिलाड़ी जो रूट (Joe Root) ने 15 अप्रैल को अपने देश की टेस्ट टीम की कप्तानी छोड़ने का फैसला किया था। पिछले 5 सालों से टीम की अगुवाई कर रहे रूट के अचानक लिए गए इस फैसले से हर कोई हैरान रह गया था। क्योंकि रूट ने अपनी कप्तानी के कार्यकाल के दौरान इंग्लैंड को कई यादगार जीत दिलाई है। लेकिन इसी बीच अब इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड के सामने टेस्ट टीम का नया कप्तान चुनने की समस्या खड़ी हो गई है।

माइकल एथरटन ने इस खिलाड़ी को माना नया कप्तान

England players available for IPL but not for Pakistan tour, asks Michael Atherton | Sports News,The Indian Express

इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड हमेशा से ही टेस्ट फॉर्मेट पर अपनी पैनी नजर बनाए रखता है। हाल ही में इंग्लैंड टेस्ट टीम का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा है। पहले एशेज़ सीरीज में शर्मनाक हार के बाद अब वेस्टइंडीज सीरीज के बाद आखिरकार जो रूट (Joe Root) ने कप्तानी छोड़ने का निर्णय किया।

ऐसे में टीम के अगले कप्तान को चुनने के लिए कवायदें शुरू हो चुकी है। जिसमें सबसे आगे नाम ऑल राउंडर बेन स्टोक्स का माना जा रहा है। क्योंकि स्टोक्स मौजूदा समय में टीम के उपकप्तान भी है। वहीं पूर्व इंग्लिश खिलाड़ी माइकल एथरटन ने भी स्टोक्स को कप्तान बनान की वकालत की है। उन्होंने कहा,

स्टोक्स के अलावा कई विकल्प नहीं हैं. आपको टीम में उनकी जगह के लायक किसी को चुनना होगा.’ उन्होंने आगे कहा, ‘बेन स्टोक्स स्पष्ट रूप से कप्तान के लिए एकमात्र विकल्प हैं और रूट ने अपनी मर्जी से पद छोड़ दिया है, वह मदद करते रहेंगे. बेन स्टोक्स रूट के प्रति बहुत वफादार हैं और अगर रूट के कदम रखने की पेशकश की जाती है तो वह काम लेने के बारे में बहुत आसान महसूस करेंगे.’

Joe Root ने दबाव में छोड़ी कप्तानी

Joe Root
गौरतलब है कि जो रूट (Joe Root) पर पिछली 2 सीरीज में टीम के खराब प्रदर्शन के बाद कप्तानी छोड़ने का दबाव बनाया गया था। हाल ही में इंग्लैंड ने 4-0 से एशेज की हार और उसके बाद वेस्ट इंडीज में 1-0 से सीरीज हार का सामना करना पड़ा है। जिसके बाद उन्हें कप्तानी से हटने का फैसला किया गया। पिछले 12 महीने उनकी कप्तानी में टीम का प्रदर्शन निराशाजनक रहा है। 2021 के अपने शुरुआती तीन टेस्ट जीतने के बाद, इंग्लैंड ने केवल एक ही टेस्ट जीता है, 11 हारे और अपने अंतिम 17 में से पांच ड्रॉ किए। कप्तानी छोड़ने के बाद जो रूट (Joe Root) ने कहा था,

“मुझे अपने देश की कप्तानी करने पर बहुत गर्व है और मैं पिछले पांच वर्षों को बड़े गर्व के साथ देखूंगा। यह काम करना और इंग्लिश क्रिकेट के शिखर का संरक्षक होना सम्मान की बात है। मुझे अपने देश का नेतृत्व करना बहुत पसंद है, लेकिन हाल ही में यह घर पर आया है कि इसने मुझ पर कितना प्रभाव डाला है और खेल से दूर मुझ पर इसका प्रभाव पड़ा है।”