हाल में ही सोशल मीडिया पर एक लाइव चैट के दौरान सुरेश रैना और इरफान पठान ने अपना पक्ष रखते हुए कहा था कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) को टीम इंडिया के खिलाड़ियों को विदेशी लीग में खेलने देने की अनुमति देनी चाहिए.

रैना ने अपने बयान में कही थी ये बात

लाइव चैट के दौरान सुरेश रैना ने भी इरफान पठान से इस बारे में बात करते हुए कहा था कि, ”मैं चाहता हूं कि बीसीसीआई को आईसीसी या फ्रैंचाइजी के साथ कुछ योजना बनानी चाहिए जो भारतीय खिलाड़ियों को विदेशी लीग में खेलने के लिए अनुमति दे. कम से कम हमें दो अलग-अलग विदेशी लीगों में खेलने की अनुमति मिलनी चाहिए. यदि हम विदेशी लीगों में क्वॉलिटी क्रिकेट खेलते हैं, तो यह हमारे लिए भी अच्छा होगा. सभी अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी उन सभी लीगों में खेलकर वापसी करते हैं.”

सुरेश रैना का ऐसा मानना था, कि यदि टीम के कुछ सीनियर खिलाड़ी विदेशी लीग में अच्छा प्रदर्शन करते है तो उन्हें राष्ट्रीय टीम में वापसी करने का मौका मिलेगा.

बीसीसीआई ने अपने जवाब में कही ये बात

दरअसल सुरेश रैना ने खासतौर पर उन खिलाड़ियों के लिए विदेशी लीग में खेलने की बात कही थी, जो मौजूदा समय में राष्ट्रीय कॉन्ट्रैक्ट बाहर है. सुरेश रैना की इस मांग के बाद अब बोर्ड की ओर से भी एक करारा जवाब सुनने को मिला. बीसीसीआई के एक अधिकारी ने आईएएनएस से बातचीत के दौरान कहा,

”जिन खिलाड़ियों के पास राष्‍ट्रीय कांट्रैक्‍ट नहीं हैं वो भी आईपीएल में बड़ा कांट्रैक्‍ट पा लेते हैं. रिटायरमेंट के पास आ चुके खिलाड़ियों द्वारा इस प्रकार के विचार रखना स्‍वाभाविक है. करियर के अंतिम पड़ाव पर आकर खिलाड़ी अपने हितों का साधने की इच्‍छा रखते हैं तो ऐसी सोच रखने में कोई बुराई नहीं है.”

सिर्फ आईपीएल ही खेलते है भारतीय खिलाड़ी

आप सभी की जानकारी के लिए बता दे, कि भारतीय खिलाड़ियों को आईपीएल में खेलने के अलावा किसी भी अन्य विदेशी लीग में खेलने की अनुमति नहीं है. हां, यदि खिलाड़ी संन्यास ले चुका है तो उसको बोर्ड NOC से मिल सकती है.

हाल में ही टीम इंडिया के स्टार खिलाड़ी और पूर्व दिग्गज ज़हीर खान और युवराज सिंह को ग्लोबल टी20 लीग में एनओसी मिलने के बाद खेलते देखा गया था.

AKHIL GUPTA

क्रिकेट...क्रिकेट...क्रिकेट...इस नाम के अलावा मुझे और कुछ पता नहीं हैं. बस क्रिकेट...