टी20 वर्ल्ड कप 2026 में सिर्फ टूरिस्ट बनकर रह सकते हैं ये 2 खिलाड़ी, प्लेइंग इलेवन में जगह बनाना है मुश्किल
Published - 18 Jan 2026, 04:26 PM | Updated - 18 Jan 2026, 04:29 PM
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आईसीसी टी20 विश्व कप 2026 (T20 World Cup 2026) का बिगुल बज चुका है और भारतीय चयनकर्ताओं ने अपनी 15 सदस्यीय सेना का ऐलान कर दिया है। 7 फरवरी से शुरू होने वाले इस महाकुंभ में भारत और श्रीलंका संयुक्त मेजबानी कर रहे हैं। टीम में कई दिग्गजों की वापसी हुई है, लेकिन स्क्वॉड में शामिल कुछ चेहरों के लिए प्लेइंग इलेवन की राह आसान नजर नहीं आ रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि वर्तमान टीम संयोजन और जबरदस्त प्रतिस्पर्धा के कारण दो प्रतिभावान खिलाड़ी पूरे टूर्नामेंट में केवल बेंच गर्म करते नजर आ सकते हैं।
T20 World Cup 2026 में ईशान किशन,संजू सैमसन की वापसी
लगभग दो साल बाद भारतीय टीम में वापसी करने वाले ईशान किशन के लिए टी20 विश्व कप 2026 (T20 World Cup 2026) का सफर चुनौतीपूर्ण होने वाला है। घरेलू क्रिकेट और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में 517 रनों का अंबार लगाकर ईशान ने टीम में जगह तो पक्की कर ली, लेकिन प्लेइंग इलेवन में बतौर विकेटकीपर-बल्लेबाज संजू सैमसन उनसे कोसों आगे हैं।
संजू ने पिछले कुछ टी20 मैचों में लगातार शतक और अर्धशतक जड़कर अपनी जगह पक्की कर ली है। इसके अलावा, ओपनिंग स्लॉट में अभिषेक शर्मा और कप्तान सूर्यकुमार यादव का विकल्प मौजूद होना ईशान की राह को और मुश्किल बनाता है। अगर संजू पूरी तरह फिट रहते हैं, तो ईशान किशन का काम केवल ड्रिंक्स ढोना या ड्रेसिंग रूम तक सीमित रह सकता है, क्योंकि टीम मैनेजमेंट वर्तमान में संजू के इम्पैक्ट पर अधिक भरोसा कर रहा है।
रवि बिश्नोई को शायद ही T20 World Cup 2026 में मौका
स्पिन विभाग में रवि बिश्नोई की वापसी वाशिंगटन सुंदर की चोट के कारण हुई है, लेकिन प्लेइंग इलेवन का समीकरण उनके पक्ष में नहीं दिखता। भारत के पास मुख्य स्पिनर के रूप में कुलदीप यादव और वरुण चक्रवर्ती जैसे मिस्ट्री गेंदबाज मौजूद हैं। वरुण चक्रवर्ती इस समय आईसीसी रैंकिंग में शीर्ष पर हैं और उनकी मौजूदा फॉर्म उन्हें पहली पसंद बनाती है। वहीं, अक्षर पटेल बतौर ऑलराउंडर टीम को गहराई प्रदान करते हैं।
ऐसे में टी20 विश्व कप 2026 (T20 World Cup 2026) की टर्निंग पिचों पर भी टीम इंडिया शायद ही तीन विशेषज्ञ स्पिनरों के साथ उतरे। बिश्नोई एक बेहतरीन लेग-स्पिनर हैं, लेकिन कुलदीप और वरुण के अनुभव और विविधता के आगे उन्हें अंतिम 11 में मौका मिलना लगभग नामुमकिन लग रहा है। वे पूरे टूर्नामेंट में एक बैकअप खिलाड़ी के तौर पर ही टीम के साथ बने रह सकते हैं।
टीम संयोजन और कड़े फैसले मैनेजमेंट की दुविधा
कप्तान सूर्यकुमार यादव और कोच गौतम गंभीर के लिए सबसे बड़ी चुनौती प्लेइंग इलेवन का संतुलन बनाना है। टी20 विश्व कप 2026 (T20 World Cup 2026) में टीम इंडिया आक्रामक बल्लेबाजी और धारदार गेंदबाजी के मिश्रण के साथ उतरना चाहती है। अभिषेक शर्मा और तिलक वर्मा जैसे युवा खिलाड़ियों के आने से ईशान किशन जैसे सीनियर खिलाड़ियों के लिए शीर्ष क्रम में जगह नहीं बची है।
वहीं, गेंदबाजी में जसप्रीत बुमराह और अर्शदीप सिंह के साथ हार्दिक पांड्या की मौजूदगी ने गेंदबाजी इकाई को पहले से ही मजबूत कर दिया है। ऐसे में ईशान और रवि बिश्नोई जैसे खिलाड़ियों को केवल तभी मौका मिल सकता है जब कोई मुख्य खिलाड़ी चोटिल हो या पिच की स्थिति बेहद असाधारण हो। फिलहाल, इन दोनों का 'टूरिस्ट' बनकर रह जाना लगभग तय माना जा रहा है।
ऑथर के बारे में
सौरभ भारतीय जन संचार संस्थान (IIMC), दिल्ली से रेडियो एंड टेलीविजन पत्रकारिता में उच्च शिक्षा प्राप्... रीड मोर