IPL 2008 में खेले थे ये 7 खिलाड़ी, अब 18 साल बाद आईपीएल 2026 भी खेलेंगे
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IPL : इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2008 में जब पहली बार शुरू हुआ था, तब किसी ने नहीं सोचा था कि यह टूर्नामेंट आने वाले सालों में दुनिया की सबसे बड़ी टी20 लीग बन जाएगा। उस पहले सीज़न में कई युवा और अनुभवी खिलाड़ी मैदान पर उतरे थे, जिन्होंने अपनी छाप छोड़ी। दिलचस्प बात यह है कि उस शुरुआती सीज़न में खेलने वाले कुछ खिलाड़ी आज भी IPL 2026 में सक्रिय हैं।
यह न केवल उनकी फिटनेस और निरंतरता को दिखाता है, बल्कि उनके अनुभव और खेल के प्रति समर्पण को भी साबित करता है। आज बात करेंगे उन सात खिलाड़ियों की जिन्होंने 2008 से लेकर 2026 तक IPL का लंबा सफर तय किया है।
रोहित शर्मा और विराट कोहली की निरंतरता
रोहित शर्मा और विराट कोहली आईपीएल (IPL) के सबसे बड़े चेहरों में शामिल हैं। 2008 में दोनों ही खिलाड़ी अपने करियर की शुरुआत कर रहे थे और आज वे इस लीग के सबसे अनुभवी और सफल खिलाड़ियों में गिने जाते हैं। विराट कोहली 2008 से लेकर अब तक रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) का ही हिस्सा रहे हैं, जो उन्हें फ्रेंचाइज़ी के साथ सबसे लंबे समय तक जुड़े रहने वाले खिलाड़ियों में शामिल करता है।
वह आईपीएल (IPL) इतिहास के इकलौते ऐसे खिलाड़ी हैं, जो पहले सीजन (2008) से लेकर अब तक सिर्फ एक ही टीम के लिए खेलते आ रहे हैं। उन्होंने अपनी बल्लेबाजी से कई रिकॉर्ड बनाए और टीम के सबसे भरोसेमंद खिलाड़ियों में खुद को स्थापित किया।
वहीं, रोहित शर्मा ने अपने आईपीएल (IPL) करियर की शुरुआत 2008 में डेक्कन चार्जर्स के साथ की थी और 2010 तक उसी टीम का हिस्सा रहे। इसके बाद 2011 से लेकर अब तक वह मुंबई इंडियंस (MI) के साथ जुड़े हुए हैं। उनकी कप्तानी में मुंबई इंडियंस ने 2013, 2015, 2017, 2019 और 2020 में खिताब जीते। फिलहाल रोहित टीम में बतौर खिलाड़ी खेलते नजर आते हैं, लेकिन उनकी लीडरशिप का योगदान आज भी टीम की सफलता में अहम माना जाता है।
एमएस धोनी और रविंद्र जडेजा का अनुभव
एमएस धोनी आईपीएल (IPL) के सबसे सफल कप्तानों में से एक रहे हैं और उनका अनुभव आज भी टीम के लिए अमूल्य है। 2008 से लेकर अब तक वह लगातार आईपीएल खेल रहे हैं और उनकी कप्तानी में चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) ने 2010, 2011, 2018, 2021 और 2023 में खिताब जीते हैं।
इसके अलावा, जब 2016 और 2017 में CSK पर दो साल का बैन लगा था, तब धोनी राइजिंग पुणे सुपरजायंट्स का हिस्सा रहे थे। आईपीएल 2026 में भी वह CSK के साथ जुड़े हुए हैं।
दूसरी ओर, रविंद्र जडेजा ने एक ऑलराउंडर के रूप में खुद को लगातार निखारा है। उन्होंने अपने आईपीएल करियर की शुरुआत राजस्थान रॉयल्स (RR) के साथ की थी और 2010 तक टीम का हिस्सा रहे। इसके बाद 2011 में वह कोच्चि टस्कर्स केरल के लिए खेले, फिर 2012 से 2015 तक CSK से जुड़े रहे। 2016 और 2017 में वह गुजरात लायंस का हिस्सा बने और 2018 से 2025 तक दोबारा CSK के लिए खेलते हुए टीम को कई अहम जीत दिलाई।
खास तौर पर 2023 के फाइनल में उन्होंने आखिरी दो गेंदों पर 10 रन बनाकर टीम को अपना पांचवा ख़िताब जीतवाया था । हालांकि, आईपीएल (IPL) 2026 में जडेजा CSK का हिस्सा नहीं होंगे और एक बार फिर राजस्थान रॉयल्स के लिए खेलते नजर आएंगे।
मनीष पांडे और अजिंक्य रहाणे की वापसी और स्थिरता
मनीष पांडे और अजिंक्य रहाणे ऐसे खिलाड़ी हैं जिन्होंने अपने करियर में उतार-चढ़ाव देखे, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। मनीष पांडे आईपीएल (IPL) में शतक लगाने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज बने थे, जबकि रहाणे अपनी तकनीकी बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं। समय के साथ दोनों खिलाड़ियों की भूमिकाएं बदलीं, लेकिन टीम के लिए उनका महत्व कम नहीं हुआ।
मनीष पांडे ने अपने आईपीएल करियर की शुरुआत 2008 में मुंबई इंडियंस (MI) के साथ की थी। इसके बाद 2009 में रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) के लिए खेलते हुए उन्होंने उस सीजन में शतक लगाकर आईपीएल इतिहास के पहले भारतीय सेंचुरी मेकर बनने का रिकॉर्ड बनाया।
2011 से 2013 तक वह पुणे वॉरियर्स का हिस्सा रहे, फिर 2014 से 2017 तक कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के लिए खेले. 2014 के फाइनल में पंजाब किंग्स के खिलाफ 94 रन की शानदार पारी खेलकर उन्होंने KKR को खिताब जिताने में अहम भूमिका निभाई।
इसके बाद 2018 से 2021 तक सनराइजर्स हैदराबाद (SRH), 2022 में लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) और 2023 में दिल्ली कैपिटल्स के लिए खेले। 2024 से लेकर अब तक वह एक बार फिर KKR का हिस्सा हैं।
वहीं, अजिंक्य रहाणे ने भी 2008 में मुंबई इंडियंस के साथ अपने आईपीएल करियर की शुरुआत की और 2010 तक टीम के साथ रहे, हालांकि शुरुआती सीज़न में उन्हें ज्यादा मौके नहीं मिले।
2011 से 2015 तक वह राजस्थान रॉयल्स (RR) का हिस्सा बने और अपनी शानदार बल्लेबाजी से अलग पहचान बनाई। 2016 और 2017 में RR पर बैन के दौरान वह राइजिंग पुणे सुपरजायंट्स के लिए खेले, जहां 2017 में उनकी टीम फाइनल तक पहुंची।
इसके बाद 2018 और 2019 में वह फिर RR के लिए खेले, 2020 और 2021 में दिल्ली कैपिटल्स, 2022 में KKR और 2023-2024 में चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) का हिस्सा रहे।
2023 में अपने शानदार स्ट्राइक रेट और बल्लेबाजी से उन्होंने CSK को खिताब जिताने में अहम भूमिका निभाई। इसके बाद 2025 में वह KKR के कप्तान के रूप में लौटे और 2026 में भी टीम की कमान संभालते नजर आएंगे।
IPL में इशांत शर्मा का सफर
इशांत शर्मा का आईपीएल (IPL) सफर काफी लंबा और दिलचस्प रहा है, जिसमें उन्होंने कई टीमों के लिए खेलते हुए अपने अनुभव से खास पहचान बनाई है।
उन्होंने अपने आईपीएल करियर की शुरुआत 2008 में कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के साथ की थी और 2010 तक टीम का हिस्सा रहे। इसके बाद 2011 और 2012 में वह डेक्कन चार्जर्स के लिए खेले, जबकि 2013 से 2015 तक सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) से जुड़े रहे।
2016 में वह राइजिंग पुणे सुपरजायंट्स का हिस्सा बने और 2017 में किंग्स इलेवन पंजाब के लिए खेले। इसके बाद कुछ समय तक वह लीग से बाहर रहे, लेकिन 2019 से 2024 तक दिल्ली कैपिटल्स (DC) के साथ उन्होंने शानदार वापसी की और अपनी गेंदबाजी से टीम को मजबूती दी।
अब 2025 से वह गुजरात टाइटंस का हिस्सा हैं, जहां वह अपने अनुभव के दम पर टीम के गेंदबाजी आक्रमण को संतुलन प्रदान कर रहे हैं।
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