भारती टीम में एक से बढ़कर एक धुरंधर बल्लेबाज है. जिन्होंने अपनी बल्लेबाजी से विपक्षी टीमों के होश उड़ाए हैं. वहीं टीम इंडिया का एक बल्लेबाज ऐसा भी है. जिसने अपने पहले टेस्ट शतक को तिहरा शतक में तब्दील कर दिया था. उसके बावजूद भी इस खिलाड़ी को मौका नहीं जा रहा है. इस खिलाड़ी में टैलेंट की कोई कमी नहीं अगर इस खिलाड़ी को मौका मिलता तो ये आज टीम इंडिया के सबसे बड़े स्टार क्रिकेटर्स में शुमार होता. आइये जानते है उस खिलाड़ी के बारे में...
टीम इंडिया का ये खिलाड़ी बदकिस्मत रहा
टीम इंडिया के लिए खेलना हर खिलाड़ी का सपना होता है. अगर आपके अंदर टैलेंट है तो आपको खेलने से कोई नहीं रोक सकता है. अच्छे खिलाड़ी को सिर्फ एक मौके की तलाश होती है. लेकिन हम जिस खिलाड़ी बारे में बताने जा रहे है. उस खिलाड़ी को मौका मिला और उसके मौके पर चौका लगाते हुए टेस्ट मैच में तिहरा शतक भी लगाया. उसके बावजूद भी इस खिलाड़ी को टीम में जगह नहीं दी जा रही है.
हम यहां बात कर रहे हैं दाए हाथ बल्लेबाज करूण नायर (Karun Nair) की. जिन्होंने अपने टेस्ट करियर के तीसरे ही टेस्ट मैच में इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम के खिलाफ तिहरा शतक जड़ दिया था. ऐसा रिकॉर्ड इससे पहले वीरेंद्र सहवाग के अलावा कोई भी भारतीय बल्लेबाज नहीं बना पाया था. वह ऐसा करने वाले दूसरे बल्लेबाज बने थे, लेकिन आज ये खिलाड़ी गुमनामी का शिकार हो गया है.
करुण नायर को आखिरी बार साल 2017 में टीम इंडिया की ओर से खेलते हुए देखा गया था. वैसे तो टेस्ट क्रिकेट को जेंटलमैन गेम माना है. इस प्रारूम में खेलने वाले बल्लेबाज अधिक महत्व जाता है. क्योंकि टेस्ट में खेलना और तिहरा शतक लगाना अपने आप में बड़ी बात होती है. नायर इस चुनौती पर पूरी तरह खरा उतरे. लेकिन, करुण के इस योगदान को जैसे भारतीय चयनकर्ताओं ने पूरी तरह से भुला दिया है.
चयनकर्ताओं ने लगातार किया नजर अंदाज
करूण नायर (Karun Nair) के तिहरा शतक के बाद कयास लगाए जा रहे थे कि उन्हें टीम में स्थाई जगह मिल जाएगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ. रहाणे ने टीम में वापसी की और करुण नायर को टीम से बाहर कर दिया गया था. साल 2016 में तिहरा शतक लगाने के बाद करूण साल 2017 में नजर अंदाज किया गया. यह देखकर तोड़ा अटपटा सा लगा कि 300 रन बनाने वाले खिलाड़ी को कैसे प्लेइंग इलेवन से ड्रॉप किया जा सकता है.
वही बांग्लादेश के खिलाफ उस पूरी सीरीज में नायर को प्लेइंग इलेवन में मौका नहीं मिला. टेस्ट सीरीज जो ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ थी उसमें भी करुण नायर बेंच ही गर्म कर रहे थे, हालांकि उन्हें दूसरे टेस्ट मैच में टीम में शामिल किया गया, लेकिन उस मैच की दोनों पारी में नायर महज 26 और 0 के स्कोर पर आउट हो गए.
Karun Nair खुद हैरान होंगे उन्हें क्यों मौका नहीं दिया जा रहा?
इस खिलाड़ी के पास बड़ी पारी खेलने क्षमता है. इस बात की पुष्टी खुद करुण नायर (Karun Nair) 19 दिसंबर 2016 इंग्लैंड के खिलाफ ट्रिपल सेंचुरी जड़कर कर दी थी. हालांकि नायर को खुद इस बात का अंदाजा नहीं होगा कि आखिर उन्हें क्यों बेहतरीन प्रदर्शन के बाद टीम में तवज्जो नहीं दिया गया.
करुण नायर (Karun Nair) ने अपना टेस्ट डेब्यू इंग्लैंड के खिलाफ नवंबर 2016 में किया था और उसके बाद उन्होंने अपना आखिरी मैच ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मार्च 2017 में खेला था. करुण ने अपने करियर में मात्र 6 टेस्ट मैच ही खेले हैं और 62.33 की औसत के साथ 374 रन बनाए हैं. टेस्ट में उनका हाई स्कोर 303 रन है.